कठुआ केस: आरोपियों की समर्थन रैली में शामिल था MLA, अब बना मंत्री

जम्मू एवं कश्मीर के कठुआ में 8 साल की बच्ची की गैंगरेप के बाद हत्या मामले में नया खुलासा हुआ है. आरोपियों के समर्थन में कठुआ में आयोजित रैली में स्थानीय BJP विधायक राजीव जसरोटिया भी शामिल थे. रैली की कुछ नई तस्वीरें सामने आई हैं, जिसमें जसरोटिया भी दिखाई पड़ रहे हैं.

गौरतलब है कि इस रैली में जम्मू एवं कश्मीर सरकार में मंत्री रहे चौधरी लाल सिंह और चंद्र प्रकाश गंगा ने भी हिस्सा लिया था, जिसके चलते उन्हें राजनीतिक विरोध का सामना करना पड़ा. विरोध को देखते हुए दोनों मंत्रियों को अपने पदों से इस्तीफा देना पड़ा था.

लेकिन कठुआ के विधायक राजीव जसरोटिया को लेकर कोई सवाल नहीं उठे, जबकि वह भी रैली में आरोपियों को समर्थन करने पहुंचे थे. अब जसरोटिया की उपस्थिति के सबूत के तौर पर नई तस्वीरें सामने आने के बाद राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी सवाल उठाए हैं.

उमर अब्दुल्ला ने सोमवार को ट्वीट किया है, ‘आरोपियों के समर्थन वाली रैली में शामिल होने को लेकर दो मंत्रियों को तो मंत्री पद से हटा दिया गया. लेकिन स्थानीय विधायक राजीव जसरोटिया को उल्टे मंत्री पद दे दिया गया. महबूबा मुफ्ती और BJP की गठबंधन वाली सरकार लग रहा है समझ नहीं पा रही कि कठुआ मामले में किस ओर खड़े होना है.’

 

CBI जांच की मांग में निकाली रैली

इस बीच सोमवार को BJP विधायक चौधरी लाल सिंह ने मामले की CBI से जांच करवाए जाने की मांग करते हुए एक रैली निकाली. रैली में चौधरी लाल सिंह ने कहा, ‘जिस दिन से इस्तीफा हुआ है, मैं सीबीआई जांच के पीछे पड़ा हूं और मैं ये करवा कर ही रहूंगा.’

कठुआ में रविवार को भी सीबीआई से जांच की मांग करते हुए बुधी गांव में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने रैली निकाली. इस रैली में बुधी, बरनोटी, नानन, थानून सहित कई गांवों के लोगों ने हिस्सा लिया.

कठुआ कांड के बाद कैबिनेट रीशफल

इस बीच सोमवार को कठुआ कांड के बाद जम्मू-कश्मीर की राजनीति में बड़ा उलटफेर हुआ है. महबूबा मुफ्ती कैबिनेट में बड़ा फेरबदल हुआ है, जिसके तहत आज 8 नए मंत्रियों ने शपथ ग्रहण की. सबसे पहले बीजेपी विधायक कविंदर गुप्ता ने मंत्री पद और गोपनीयता की शपथ ली.

कविंदर गुप्ता जम्मू-कश्मीर के नए उपमुख्यमंत्री बने. उन्होंने निर्मल सिंह की जगह ली. कठुआ कांड के आरोपियों के समर्थन का आरोप लगने के बाद मंत्रिमंडल से इस्तीफा देने वाले विधायक लाल सिंह शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हुए. कठुआ के विधायक राजीव जसरोटिया को भी इस फेरबदल में मंत्री पद मिला है.

डैमेज कंट्रोल की कवायद

बताया जा रहा है कि कैबिनेट में फेरबदल कठुआ रेप और मर्डर कांड के बाद डैमेज कंट्रोल के तहत किया गया है. ये भी कहा जा रहा है कि जम्मू की जनता बीजेपी मंत्रियों से खुश नहीं है. दरअसल, कठुआ कांड की सीबीआई जांच की मांग बड़े पैमाने पर उठाई जा रही है, लेकिन मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने ऐसा करने से इनकार कर दिया है. कहा जा रहा है कि महबूबा मुफ्ती के इस कदम का बीजेपी की तरफ से विरोध न करने पर जम्मू की जनता बीजेपी नेताओं से खफा है.