दिल्‍ली में सीलिंग के खिलाफ सड़क पर व्‍यापारी, कहीं कराया मुंडन तो कहीं निकाली शव यात्रा

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नई दिल्ली: सीलिंग के विरोध में दिल्ली में दिल्ली में व्यापारियों के संगठन कंफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के बंद का व्‍यापक असर देखने को मिला है. दिल्ली के ज्यादातर बाज़ार बंद हैं और कई जगह व्‍यापारियों ने इसके विरोध में प्रदर्शन किया है. सीलिंग का सबसे ज्यादा असर अमर कॉलोनी में देखने को मिला है और व्यापारी बड़ी तादाद में अमर कॉलोनी में इकट्ठा हुए.

दिल्‍ली के कश्‍मीरी गेट में व्‍यापारियों ने सीलिंग की शव यात्रा निकाली और कमला नगर में सीलिंग के विरोध में व्‍यापारियों ने मुंडन कराया. इस मामले में दिल्ली के एलजी अनिल बैजल और केंद्रीय शहरी विकास मंत्री हरदीप पूरी के मुताबिक, दिल्ली में इस समय सीलिंग केवल उन्हीं दुकानों या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की हो रही है जो पार्किंग की जगह पर बने हैं. जहां अवैध निर्माण है, जहां सरकार ज़मीन पर अतिक्रमण है या जो रिज़र्व फारेस्ट की ज़मीन पर बने हैं. शहरी विकास मंत्री हरदीप पुरी का कहना है कि अध्यादेश हल नहीं है मास्टर प्लान ही हल है.

 मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि अगर 31 मार्च तक सीलिंग की समस्या का हल नहीं निकला तो वो भूख हड़ताल पर बैठ जाएंगे. वहीं व्यापारी कह रहे हैं कि सरकार सीलिंग रोकने के लिए तुरंत कोई कार्रवाई करे.

सीलिंग के मुद्दे पर मुख्यमंत्री केजरीवाल के घर मंगलवार को होने वाली ऑल पार्टी मीटिंग में शामिल होने से दिल्ली बीजेपी ने इनकार कर दिया है. दिल्ली बीजेपी अपने प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी के विदेश दौरे पर सिसोदिया के ट्वीट से भड़की है. बीजेपी ने केजरीवाल को लिखी चिट्ठी में कहा कि पहले आप सुप्रीम कोर्ट की मॉनिटरिंग कमेटी से मिलकर बिना नोटिस के सीलिंग का विरोध दर्ज कराएं और व्यापारियों का पक्ष रखने के लिए बड़ा वकील रखें, इसके बिना किसी बैठक का औचित्य नहीं है.

इस बीच दिल्ली कांग्रेस के अध्यक्ष अजय माकन ने सोमवार को व्यापारियों से मुलाकात की, जिसके बाद उन्होंने कहा कि वो ऑल पार्टी मीटिंग में जाएंगे और अपनी बात रखेंगे. मुख्यमंत्री केजरीवाल ने रविवार को दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी और दिल्ली कांग्रेस के अध्यक्ष अजय माकन को चिट्ठी लिखी थी, जिसमें उन्होंने कहा था कि राजनीति से ऊपर उठकर हमें सीलिंग की समस्या का समाधान तलाशने के लिए साथ आना चाहिए.


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