येदियुरप्पा वाले बयान पर शाह बोले- मैंने गलती की, लेकिन कर्नाटक की जनता नहीं करेगी

भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह ने हाल में कर्नाटक में अपने भाषण में जुबान फिसल जाने की गलती को स्वीकार किया है. हालांकि, शाह ने इसको एक अलग ही मोड़ देते हुए कहा कि उन्होंने तो गलती की है, लेकिन कर्नाटक की जनता गलती नहीं करेगी. शाह ने मैसुरु में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बात कही.

गौरतलब है कि हाल में कर्नाटक में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमित शाह ने कांग्रेस के सीएम सिद्धारमैया की जगह बीजेपी नेता बीएस येदियुरप्पा सरकार को भ्रष्ट बता दिया था. बीजेपी नेता बीएस येदियुरप्पा कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री हैं और वे इस चुनाव में भी बीजेपी के सीएम चेहरा हैं.

राज्य में बीजेपी ने अलग तरह की रणनीति अपनाते हुए सीएम का फेस पहले ही घोषित कर दिया है. शाह का यह बयान वायरलहोने के बाद कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि बीजेपी अध्यक्ष ने ‘सच बोल दिया है.’

शाह कर्नाटक में कई दिन तक चुनावी सभाओं को संबोधित करने के बाद मैसुरु में थे. शाह ने कहा, ‘जुबान फिसल जाने से मैंने सिद्धारमैया की जगह येदियुरप्पा सरकार को भ्रष्ट बता दिया था, इसको लेकर कांग्रेसी बहुत खुश दिख रहे हैं. लेकिन कर्नाटक के लोग गलती नहीं करेंगे.’

गौरतलब है कि कर्नाटक में 12 मई को चुनाव हैं और चुनावी नतीजे 15 मई को आएंगे. दरअसल, पिछले प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अमित शाह सिद्धारमैया सरकार के भ्रष्टाचार को गिना रहे थे. इस दौरान अमित शाह ने कहा कि मैं भ्रष्टाचार को लेकर डिटेल में नहीं जाना चाहता, लेकिन हाल ही में एक जज की टिप्पणी बताऊंगा. शाह ने कहा था, ‘अभी-अभी सुप्रीम कोर्ट के एक रिटायर्ड जज ने कहा कि भ्रष्टाचार के लिए अगर स्पर्धा कर ली जाए तो येदुरप्पा सरकार को भ्रष्टाचार में नंबर वन का अवॉर्ड देना पड़ेगा.’ यानी अमित शाह मौजूदा मुख्यमंत्री के. सिद्धारमैया की आलोचना कर रहे थे और उनकी जुबान से अपने ही नेता बीएस येदुरप्पा का नाम निकल गया.

बगल में बैठे नेता ने दिलाई याद

अमित शाह जब बोल रहे थे तो उनके दाहिनी तरफ खुद बीएस येदुरप्पा बैठे हुए थे. जबकि शाह की बाईं ओर पार्टी के एक और नेता बैठे हुए थे. इस दौरान अमित शाह ने भ्रष्टाचार में सिद्धारमैया की जगह येदुरप्पा सरकार का नाम लिया तो बाईं तरफ बैठे नेता ने उनके कान में इस गलती के बारे में बताया. जिसके बाद शाह को भी इसका एहसास हुआ और उन्होंने तुरंत अरे…कहते हुए कहा कि सिद्धारमैया सरकार को भ्रष्टाचार के लिए नंबर वन का अवॉर्ड देना पड़ेगा.