Articles by: SaraSach
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यह संविधान में प्राप्त आने जाने की स्वतंत्रता के अधिकार की मृत्यु है

यह संविधान में प्राप्त आने जाने की स्वतंत्रता के अधिकार की मृत्यु है
          ” यह केवल एक लड़की की मृत्यु नहीं बल्कि संविधान में प्रदत्त कहीं भी आने जाने की स्वतंत्रता के अधिकार की मृत्यु हुई है ! देश के नेताओं को संवेदना एवं प्रार्थना व्यक्त करने की… Read more ›

दामिनी के साथ हुई घटना सभ्य समाज के माथे पर कलंक

दामिनी के साथ हुई घटना सभ्य समाज के माथे पर कलंक
          चन्दौली। ब्यूरो कार्यालय बेरहम थी खौफ के आलम की तारीकीयां एक कुर्बानी मगर सबको शर्मिंदा कर गई, बन के लाश जीये थे इस वतन के लोग एक वो है मर के जो मुर्दों को जिन्दा… Read more ›

शायर-ए-आजम मिर्जा ग़ालिब

शायर-ए-आजम मिर्जा ग़ालिब
                        रगों में दौड़ने फिरने के हम नहीं कायल, जब आँख ही से न टपका तो फिर लहू क्या है। उनकी शेरो-शायरी की पूरी दुनिया कायल है। आम लोगों… Read more ›

हिन्दी की उपेक्षा पर सरकार को घसीटा अदालत में

हिन्दी की उपेक्षा पर सरकार को घसीटा अदालत में
By.Hindi Home Page.. “भारतीय रुपये और आधार कार्ड परियोजना के पहचान चिन्ह (लोगो) के मामले में हिन्दी की उपेक्षा और संवैधानिक नियमों की अवहेलना के खिलाफ एक युवा ने भारत सरकार के खिलाफ कानूनी लड़ाई छेड़ दी है.श्री राकेश सिंह… Read more ›

अब इन विपात्तियों से कौन निपटेगा ?

अब इन विपात्तियों से कौन निपटेगा ?
                                    बिन कास्टेँट के विज्ञान मेँ सिध्दता कहाँ विचलन ही दोष का कारण …स्थिराँक हर दिल मेँ चाहिये ..!विचलन ही दोष का कारण… Read more ›

एफ़डीआई बनाम “माइक्रो लेवेल” अर्थनीति का पुनर्रगठन

एफ़डीआई बनाम “माइक्रो लेवेल” अर्थनीति का पुनर्रगठन
                  एफ़डीआई पर लोगों के अलग तर्क हो सकते हैं । मेरा आंकलन घरेलू उत्पादकता और स्वयं के संसाधनो को दृष्टिगत रख कर किया गया है। मेरा मानना है यदि भारत मे… Read more ›

क्यों करती हो वाद-विवाद

क्यों करती हो वाद-विवाद
            क्यों करती हो वाद-विवाद बैठती हो स्त्री विमर्श लेकर जबकि लुभाते हैं तुम्हें पुरुषतंत्र के सारे सौंदर्य उपमान सौंदर्य प्रसाधन, सौंदर्य सूचक संबोधन जबकि वे क्षीण करते हैं तुम्हारे स्त्रीत्व को हत्यारे हैं भीतरी… Read more ›

सचिन का वन-डे को अल्विदा

सचिन का वन-डे को अल्विदा
क्रिकेट भारत में किसी धर्म से कम महत्व नहीं रखता। इसीलिए क्रिकेट में आस्था रखने वालों के लिए सचिन रमेश तेंदुलकर क्रिकेट का भगवान है। क्रिकेट के महायुद्ध भारत-पाकिस्तान सीरीज से पहले क्रिकेट के भगवान ने वन-डे क्रिकेट को अलिवदा… Read more ›

कौशिल्या है विश्व की सबसे बुजुर्ग महिला!

कौशिल्या है विश्व की सबसे बुजुर्ग महिला!
              असल में रिकार्ड टूटने के लिए ही बनते हैं। अगर दावा सच साबित हुआ तो अमेरिका की 116 साल की बेस कूपर का वो रिकार्ड भी टूट जाएगा जो उन्हे दुनियां की सबसे… Read more ›

बस इक बार फिर बनजा झाँसी की रानी ..

बस इक बार फिर बनजा झाँसी की रानी ..
बस इक बार फिर बनजा झाँसी की रानी भेड़ियों की बस्ती में अब शेरनी बनकर  Share on: WhatsApp… Read more ›